सरसों के भाव में अचानक आएगा बड़ा उछाल,भाव 8000 रूपए तक जाने की संभावना, देखें रिपोर्ट

किसान साथियो हमने अपनी कल की रिपोर्ट में बताया था कि सरसों में बड़ी तेजी की बजाय हल्का हल्का सुधार बनने की संभावना है। बाजार में ठीक ऐसा ही देखने को मिला है। सरसों के भाव पिछले दो दिन में 25- 25 रुपये बढ़े हैं। विदेशी बाजारों में तेल तिलहन को लेकर चल रहा माहौल अब धीरे-धीरे बदलने लगा है। अल नीनो से चाहे पाम तेल का उत्पादन कम हो या ना हो लेकिन कम होने की चिंता जरूर बनी हुई है। जिससे तिलहनों के भाव को सहारा मिल रहा है। आज की रिपोर्ट में हम तेल तिलहन के बाजार की हर खबर को जानेंगे।

ताजा मार्केट अपडेट

तेल मिलों की हाजिर मांग बढ़ने के कारण घरेलू बाजार में शुक्रवार को सरसों की कीमतों में हल्का सुधार आया। जयपुर में कंडीशन की सरसों के भाव 25 रुपये तेज होकर दाम 5,250 रुपये प्रति क्विंटल हो गए। हालांकि भरतपुर में बाजार सुस्त ही बना रहा। ब्रांडेड तेल मिलों ने भी सरसों की खरीद कीमतों में लगातार दूसरे दिन 25 से 50 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की। सलोनी प्लान्ट पर सरसों के भाव उछलकर 5700 के हो गए। सरसों की आवक 7 लाख बोरी पर स्थिर चल रही हैं।

हाजिर मंडियों के ताजा भाव

हाजिर मंडियों के ताजा भाव की बात करें तो राजस्थान की नोहर मंडी में सरसों का भाव 4600 रावला मंडी में सरसों का रेट 4600 जैतसर मंडी में सरसों का भाव 4450 गंगानगर मंडी में सरसों का भाव 4657 पीलीबंगा मंडी में सरसों का रेट 4450 श्री विजयनगर मंडी में सरसों का भाव 4539 गजसिंहपुर मंडी में सरसों का भाव 4598 रायसिंहनगर मंडी में सरसों का भाव 4753, घड़साना मंडी में सरसों का भाव 4695 और भरतपुर मंडी में सरसों का भाव ₹4890 प्रति क्विंटल तक दर्ज किया गया। हरियाणा की मंडियों की बात करें तो भट्टू मंडी में सरसों का भाव 4670 सिरसा मंडी में सरसों का भाव 4641 आदमपुर मंडी में सरसों का भाव 4691 ऐलनाबाद मंडी में सरसों का भाव 4747 टोहाना मंडी में सरसों का भाव 4716 गुना मंडी में सरसों का भाव 4631 रेवाड़ी मंडी में सरसों का भाव 5000 उचाना मंडी में सरसों का भाव 4785 रुपए प्रति क्विंटल तक दर्ज किया गया।

अल नीनो का कितना असर

अल नीनो की चिंता के कारण पाम तेल के भाव को सहारा मिल रहा है। जानकारों का मानना है कि अलनीनो के चलते पाम तेल का उत्पादन कमजोर रह सकता है। अल नीनो के प्रभाव से दुनिया के दूसरे सबसे बड़े उत्पादक देश में क्रूड पाम तेल का उत्पादन अगले साल 1 से 3 मिलियन टन के बीच कम होने की आशंका है। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रतिकूल मौसम के साथ ही पाम तेल के सबसे बड़े आयातक देश भारत और चीन नीचे दाम पर खरीद करना चाहते हैं, इसलिए मलेशियाई पाम तेल के भाव में हल्का सुधार और भी बन सकता है। हालांकि सरसों के भाव के लिए यह ज्यादा अच्छी खबर नहीं है।

विदेशी बाजारों की अपडेट

विदेशी बाजारों की बात करें तो चालू सप्ताह में पाम तेल की कीमतें मलेशियाई एक्सचेंज में बढ़कर बंद हुईं। सबसे सक्रिय पाम तेल अनुबंध साप्ताहिक आधार पर 2.1 % तक की बढ़त बनाकर, लगातार तीसरे दिन तेज बंद हुआ। बर्सा मलेशिया डेरिवेटिव्स एक्सचेंज (बीएमडी) पर अगस्त डिलीवरी के पाम तेल वायदा अनुबंध में 61 रिंगिट यानी 1.75% की तेजी आकर भाव 3,554 रिंगिट प्रति टन हो गए। शिकागो बोर्ड ऑफ ट्रेड में सोया तेल की कीमतें 1.5 % तेज हुई। डालियान का सबसे सक्रिय सोया तेल वायदा अनुबंध 2.37% तेज हो गया, जबकि इसके पाम तेल के वायदा अनुबंध में 2.4% तक की तेजी बनी।

घरेलू बाजार अपडेट

जयपुर में सरसों तेल कच्ची घानी एवं एक्सपेलर की कीमतें शुक्रवार को 4- 4 रुपये तेज होकर दाम क्रमश 975 रुपये और 965 रुपये प्रति 10 किलो हो गई। जबकि चरखी दादरी में सरसों तेल एक्सपेलर की कीमतें 10 रुपये तेज होकर दाम 940 रुपये प्रति 10 किलो हो गई। इस दौरान जयपुर में सरसों खल के दाम 30 रुपये बढ़कर 2555 रुपये प्रति क्विंटल हो गए।

सरसों में आगे क्या

किसान साथियो जैसा कि माहौल चल रहा है उसे देखते हुए सरसों के भाव में थोड़ा बहुत उछाल और बन सकता है लेकिन हम बार बार निवेदन कर रहे हैं कि बड़ी तेजी के आसार अभी कम ही हैं। विदेशी बाजार तेज तो हो रहे हैं लेकिन फंडामेंटल अभी भी कमजोर ही हैं। जहां तक सरसों को बेचने की बात है फ़िलहाल सरसों को निकालने के लिए थोड़े दिन और इंतजार किया जा सकता है। सरसों में अच्छे भाव के लिए दिवाली तक भी इंतजार करना पड़ सकता है। भले भी सरसों में बड़ी तेजी की उम्मीद कम है लेकिन बड़ी मंदी की संभावना न के बराबर है। व्यापार अपने विवेक से ही करें।