किसानों को रिचार्जिंग बोरवेल लगवाने के लिए देने होंगे मात्र 25 हजार रूपए, बाकी पैसा देंगी सरकार

बरसाती पानी को वापिस जमीन में डालने के लिए बोरवेल: कृषि में सिंचाई से भूमिगत जल स्तर लगातार नीचे जा रहा है, जिसे रोकने के लिए सरकार द्वारा कई कदम उठाए गए हैं। इसमें अधिक पानी वाली फसलें (गन्ना, धान) को छोड़ अन्य फसलों के उत्पादन को बढ़ावा देना, किसानों को सूक्ष्म सिंचाई (ड्रिप, स्प्रिंकलर) के लिए प्रोत्साहित करने के लिए भारी अनुदान देना एवं रिचार्जिंग बोरवेल के लिए सब्सिडी देना आदि शामिल है।

रविवार 12 मार्च 2023 के दिन कृषि विकास मेला, हिसार के समापन के अवसर पर हरियाणा राज्य के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने अंडरग्राउंड पाईपलाइन पोर्टल तथा ई-रूपी ऐप लॉन्च किए। इस अवसर पर उन्होंने राज्य किसानों के लिए चलाई जा रही योजनाओं के बारे में जानकारी दी।

1 हजार रिचार्जिंग बोरवेल लगाएंगी सरकार

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि समय को देखते हुए हमें पानी की खपत को कम करना होगा। पानी के समुचित उपयोग के लिए सूक्ष्म सिंचाई को अपनाना होगा। सूक्ष्म सिंचाई के लिए सरकार किसानों को 85 प्रतिशत तक की सब्सिडी दे रही है। इसके अलावा, बरसाती पानी को वापिस जमीन में डालने के लिए बोरवेल लगाए जा रहे हैं। इसमें किसान को केवल 25 हजार रुपये देने है, बाकी खर्च सरकार वहन करेगी। सरकार पहले चरण में 1 हजार रिचार्जिंग बोरवेल लगाएगी।

उल्लेखनीय है कि सरकार ने रिचार्जिंग बोरवेल के लिए आवेदन प्रक्रिया को ऑनलाइन कर दिया है। राज्य के इच्छुक किसान जो रिचार्जिंग बोरवेल करवाना चाहते हैं वे किसान सिंचाई और जल संसाधन विभाग, हरियाणा की वेबसाइट hid.gov.in पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।

300 टेलों तक पहुँचाया पानी

मुख्यमंत्री ने कहा कि पहली बार प्रदेश में हमारी सरकार ने राजस्थान की सीमा के साथ लगते 300 टेलों, जहाँ पिछले 25 साल से पानी नहीं पहुंचा, था वहां भी हमने पानी पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि प्रगतिशील किसान आगे अन्य किसानों को प्र‌गतिशील बनाने में सहयोग करेंगे, उन किसानों को सरकार की ओर से ईनाम दिए जाएंगे।